पौष बड़ा उत्सव | आज का भजन!

भैरव जयंती - Bhairav Jayanti


Updated: Nov 17, 2019 23:21 PM बारें में | संबंधित जानकारियाँ | यह भी जानें


आने वाले त्यौहार: 28 December 2019
भैरव जयंती त्यौहार भगवान शिव के भयानक रूप बाबा भैरव नाथ को समर्पित है। पौष शुक्ला द्वितिया के दिन होने के कारण, इस त्योहार भैरव द्वितिया भी कहा जाता है...

भैरव जयंती त्यौहार भगवान शिव के भयानक रूप बाबा भैरव नाथ को समर्पित है। पौष शुक्ला द्वितिया के दिन होने के कारण, इस त्योहार भैरव द्वितिया भी कहा जाता है। भारत के विभिन्न हिस्सों में भैरव जयंती विभिन्न तिथियों के साथ मनाई जाती है।

इसे भैरवाष्टमी, भैरव जयंती, काल-भैरव अष्टमी और काल-भैरव जयंती के रूप में भी जाना जाता है। भैरव जी की पूजा विशेष रूप से सफलता, धन, स्वास्थ्य और बाधा दूर करने के लिए की जाती है। भक्त को भैरव अष्टमी का व्रत करने से पाप और मृत्यु के भय से मुक्ति मिलती है।

दिल्ली के राष्ट्रीय राजधानी में इस उत्सव को द्वितीय के दिन या बाद वाले अगले रविवार को मनाया जाता है। और आस-पास के क्षेत्र मे भैरव जयंती किलकरी भैरव मंदिर के अनुसार मनाई जाती है।

Bhairav Jayanti in English

Bhairav ​​Jayanti festival is dedicated to Baba Bhairav ​​Nath, the fearsome form of Bhagwan Shiv. Being the day of Paush Shukla Dwitiya, this festival is also called Bhairav ​​Dwitiya.

संबंधित जानकारियाँ

भविष्य के त्यौहार
15 January 20214 January 2022
आवृत्ति
वार्षिक
समय
1 दिन
सुरुआत तिथि
पौष शुक्ल द्वितीया
समाप्ति तिथि
पौष शुक्ल द्वितीया
महीना
दिसम्बर / जनवरी
कारण
बाबा भैरवनाथ का प्राकट्य दिवस।
उत्सव विधि
भजन संगीत, भैरव पूजा, वार्षिक मेला।
महत्वपूर्ण जगह
श्री भैरव मंदिर, दिल्ली
पिछले त्यौहार
8 January 2019, 20 December 2017, 31 December 2016, 11 January 2016

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