Shri Krishna Bhajan
गूगल पर भक्ति भारत को अपना प्रीफ़र्ड सोर्स बनाएँ

मंत्र

द्वादश ज्योतिर्लिङ्ग स्तोत्रम्

सौराष्ट्रदेशे विशदेऽतिरम्ये ज्योतिर्मयं चन्द्रकलावतंसम् । भक्तिप्रदानाय कृपावतीर्णं तं सोमनाथं शरणं प्रपद्ये ॥..

Mantra

पार्वती वल्लभा अष्टकम्

नमो भूथ नाधम नमो देव देवं, नाम कला कालं नमो दिव्य थेजं, नाम काम असमं, नाम संथ शीलं...

Mantra

भवान्यष्टकम्न - तातो न माता

न तातो न माता न बन्धुर्न दाता, न पुत्रो न पुत्री न भृत्यो न भर्ता । न जाया न विद्या न वृत्तिर्ममैव..

Mantra

महालया महिषासुर मर्दिनी - बीरेंद्र कृष्ण भद्र द्वारा

या देवी सर्वभूतेषु विष्णुमायेति शब्दिता । नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः ॥ 1॥

Mantra

आदित्य-हृदय स्तोत्र

ततो युद्धपरिश्रान्तं समरे चिन्तया स्थितम् । रावणं चाग्रतो दृष्टवा युद्धाय समुपस्थितम् ॥ दैवतैश्च समागम्य द्रष्टुमभ्यागतो रणम् ।

Mantra

दत्त स्तवम स्तोत्र

श्री गणेशाय नमः ॥ भूतप्रेतपिशाचाध्या यस्य स्मरणमात्रतः ॥ दूरादेव पलायत्ने दत्तात्रेय नमामि तम् ॥...

Mantra

श्री गुरु देव जी के मंत्र

ऊँ देवानां च ऋषीणां गुरुं कांचनसन्निभम । बुद्धिभूतं त्रिलोकेशं तं नमामि बृहस्पतिम ॥

Mantra

श्री दुर्गा देवी स्तोत्रम्

श्री युधिष्ठिर विरचितं | श्रीगणेशाय नमः । श्री दुर्गायै नमः । नगरांत प्रवेशले पंडुनंदन । तो देखिले दुर्गास्थान । धर्मराज करी स्तवन । जगदंबेचे तेधवा ॥

Mantra

महिषासुरमर्दिनि स्तोत्रम् - अयि गिरिनन्दिनि

अयि गिरिनन्दिनि नन्दितमेदिनि विश्वविनोदिनि नन्दिनुते, गिरिवरविन्ध्यशिरोऽधिनिवासिनि विष्णुविलासिनि जिष्णुनुते । महिषासुरमर्दिनि स्तोत्रम् नवरात्रि के दौरान माता रानी का सबसे ज्यादा सुना और पढ़ा जाने वाला संस्कृत श्लोक है

Mantra

श्री विन्ध्येश्वरी स्तोत्रम्

निशुम्भ शुम्भ गर्जनी, प्रचण्ड मुण्ड खण्डिनी । बनेरणे प्रकाशिनी, भजामि विन्ध्यवासिनी ॥ त्रिशूल मुण्ड धारिणी..

Mantra

सूर्य कवच

आरोग्य एवम् विजय प्राप्त्यर्थ हेतु सूर्य भगवान का श्री सूर्य कवच। याज्ञवल्क्य उवाच: श्रुणुष्व मुनिशार्दूल सूर्यस्य कवचं शुभम् ।

Mantra

श्री मंगल देव जी के मंत्र

ऊँ अं अंगारकाय नम: ऊँ भौं भौमाय नम:

Mantra

श्री गंगा स्तोत्रम्

देवि सुरेश्वरि भगवति गङ्गे त्रिभुवनतारिणि तरलतरङ्गे। शङ्करमौलिविहारिणि विमले मम मतिरास्तां तव पदकमले॥

Mantra

श्री बुध देव जी के मंत्र

प्रियंगुकलिकाश्यामं रुपेणाप्रतिमं बुधम । सौम्यं सौम्यगुणोपेतं तं बुधं प्रणमाम्यहम ।।

Mantra

राहु मंत्र

ऊँ ऎं ह्रीं राहवे नम: ऊँ भ्रां भ्रीं भ्रौं स: राहवे नम:

Mantra

मंत्र - Mantras are sounds, syllables, vibrations or group of words in Sanskrit language to obtain psychological and spiritual powers. Man means mind, and tra means vehicle or instrument: a tool to transport/transform the mind from one state to silence state. Mantras now exist in Hinduism, Buddhism, Jainism, and Sikhism, and sounds as per its existence.

ॐ (Om) is shortest and simplest one word mantra, also known as bija (seed) mantra. Like Om, Shanti Mantra and Gayatri Mantra are common and fundamental mantra for daily uses.

Shri Krishna Bhajan - Shri Krishna Bhajan
Ram Bhajan - Ram Bhajan
Bhakti Bharat APP