मुख्य आकर्षण - Key Highlights |
|---|
| ◉ देवी पाटन मंदिर, 51 पवित्र शक्ति पीठों में से एक है। |
| ◉ यह मंदिर माता पाटेश्वरी देवी को समर्पित है। |
| ◉ यह भारत और नेपाल के श्रद्धालुओं के लिए एक प्रमुख तीर्थस्थल है। |
देवी पाटन मंदिर, बलरामपुर से लगभग 25 किलोमीटर दूर तुलसीपुर में स्थित, माँ पाटेश्वरी (दुर्गा) को समर्पित एक पूजनीय शक्ति पीठ है। इसे देवी सती के 51 शक्ति पीठों में से एक माना जाता है। परंपरा के अनुसार, देवी सती का दाहिना कंधा (पट) इसी पवित्र स्थान पर गिरा था, जिसके कारण मंदिर का नाम \"देवी पाटन\" पड़ा। यह मंदिर विशेष रूप से मुंडन (सिर मुंडवाने) समारोहों और मन्नतों की पूर्ति के लिए किए जाने वाले अर्पण के लिए प्रसिद्ध है।
देवी पाटन मंदिर का दर्शन समय
मंदिर पूरे सप्ताह खुला रहता है और दर्शन का समय सुबह 5:00 बजे से रात 10:00 बजे तक है।
देवी पाटन मंदिर के प्रमुख त्यौहार
नवरात्रि देवी पाटन मंदिर का प्रमुख त्यौहार है। चैत्र नवरात्रि और शारदीय नवरात्रि के दौरान हजारों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं।
देवी पाटन मंदिर कैसे पहुंचें
देवी पाटन मंदिर उत्तर प्रदेश के बलरामपुर जिले के तुलसीपुर में स्थित है। यह मंदिर लखनऊ, गोंडा, बलरामपुर और आसपास के जिलों से सड़क मार्ग से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है। तुलसीपुर रेलवे स्टेशन मंदिर से मात्र 2 किमी दूर है। गोंडा जंक्शन निकटतम प्रमुख रेलवे स्टेशन है। निकटतम प्रमुख हवाई अड्डा अयोध्या में महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा है।
देवी पाटन मंदिर की अधिष्ठात्री देवी माँ पाटेश्वरी देवी हैं, जो देवी दुर्गा का एक पूजनीय रूप हैं। माना जाता है कि माता सती का दाहिना कंधा यहीं गिरा था। नाथ संप्रदाय की परंपराएँ इस मंदिर को गुरु गोरखनाथ से जोड़ती हैं, और स्थानीय किंवदंतियों के अनुसार, मंदिर का बाद में विक्रमादित्य द्वारा जीर्णोद्धार किया गया था। अन्य पूजे जाने वाले देवता भगवान शिव, भगवान हनुमान, भगवान गणेश और भैरव हैं।
यह मंदिर भारत और नेपाल दोनों के श्रद्धालुओं के लिए लंबे समय से एक महत्वपूर्ण तीर्थस्थल रहा है।
5 AM - 10 PM
भक्ति-भारत वॉट्स्ऐप चैनल फॉलो करें »** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें।