मंत्र के 33 अक्षर हैं जो महर्षि वशिष्ठ के अनुसार 33 कोटि(प्रकार)देवताओं के द्योतक हैं।
Mantra
॥ श्रीशिवपञ्चाक्षरस्तोत्रम् ॥ नागेन्द्रहाराय त्रिलोचनाय भस्माङ्गरागाय महेश्वराय।
Mantra
नमामीशमीशान निर्वाणरूपं विभुं व्यापकं ब्रह्मवेदस्वरूपम्। निजं निर्गुणं निर्विकल्पं निरीहं...
Mantra
श्री दशावतार स्तोत्र: प्रलय पयोधि-जले
प्रलय पयोधि-जले धृतवान् असि वेदम्वि, हित वहित्र-चरित्रम् अखेदम्के, शव धृत-मीन-शरीर, जय जगदीश हरे
Mantra
ततो युद्धपरिश्रान्तं समरे चिन्तया स्थितम् । रावणं चाग्रतो दृष्टवा युद्धाय समुपस्थितम् ॥ दैवतैश्च समागम्य द्रष्टुमभ्यागतो रणम् ।
Mantra
गौरा फिरदी है माला तेरे नाम दी
गौरां फेरदी है माला तेरे नाम दी, तेरे नाम दी ओ भोले तेरे नाम दी, गौरां फेरदी है माला ।
Mantra
श्री मङ्गलाय नमः ॥ मङ्गलो भूमिपुत्रश्च ऋणहर्ता धनप्रदः । स्थिरासनो महाकयः सर्वकर्मविरोधकः ॥..
Mantra
ॐ जयन्ती मङ्गला काली भद्रकाली कपालिनी। दुर्गा क्षमा शिवा धात्री स्वाहा स्वधा नमोऽस्तु ते॥1॥
Mantra
श्री शिवाष्टक - आदि अनादि अनंत अखण्ड
आदि अनादि अनंत अखण्ड अभेद सुवेद बतावै । अलखअगोचररूपमहेस कौ जोगि जती-मुनि ध्यान न पावै ॥
Mantra
देवि सुरेश्वरि भगवति गङ्गे त्रिभुवनतारिणि तरलतरङ्गे। शङ्करमौलिविहारिणि विमले मम मतिरास्तां तव पदकमले॥
Mantra
श्री गोपाल सहस्त्रनाम स्तोत्रम्
अथ ध्यानम - कस्तूरीतिलकं ललाटपटले वक्ष:स्थले कौस्तुभं नासाग्रे वरमौत्तिकं करतले वेणुं करे कंकणम ।...
Mantra
मधुराष्टकम्: अधरं मधुरं वदनं मधुरं
अधरं मधुरं वदनं मधुरं नयनं मधुरं हसितं मधुरं। हृदयं मधुरं गमनं मधुरं मधुराधिपते रखिलं मधुरं॥
Mantra
मंत्र - Mantras are sounds, syllables, vibrations or group of words in Sanskrit language to obtain psychological and spiritual powers. Man means mind, and tra means vehicle or instrument: a tool to transport/transform the mind from one state to silence state. Mantras now exist in Hinduism, Buddhism, Jainism, and Sikhism, and sounds as per its existence.
ॐ (Om) is shortest and simplest one word mantra, also known as bija (seed) mantra. Like Om, Shanti Mantra and Gayatri Mantra are common and fundamental mantra for daily uses.