लो आया देखो, फागण का मेला - भजन (Lo Aaya Dekho Falgun Mela)


सारे भक्तों का चला खाटू रेला,
लो आया देखो, फागण का मेला ।
सारे भक्तों का चला खाटू रेला,
लो आया देखो, फागण का मेला ।
रींगस से लेके तोरण द्वारे,
रंग बिरंगी ध्वजाएं लहराएँ,
बाजे ढोल और शंख नगाड़े,
लो आया देखो, फागण का मेला ।

सारे भक्तों का चला खाटू रेला,
लो आया देखो, फागण का मेला ।

द्वारे तेरे बाबा भक्त हैं आये
भजन सुनाएँ संग शीश नवाएँ
गूंजे खाटू नगरी में तेरे जयकारे
लो आया देखो, फागण का मेला ।

सारे भक्तों का चला खाटू रेला,
लो आया देखो, फागण का मेला ।

भावों से सब तुझको रिझायें,
फागण में सब मन की पाएं,
छायें खुशियां भी चारों दिशाएँ,
लो आया देखो, फागण का मेला ।

सारे भक्तों का चला खाटू रेला,
लो आया देखो, फागण का मेला ।

फागण मेला भक्तों को भाये,
तन्नू मन से अर्ज़ी लगाए,
आये रोते रोते हँसते ही जाएँ
लो आया देखो, फागण का मेला ।

सारे भक्तों का चला खाटू रेला,
लो आया देखो, फागण का मेला ।

सारे भक्तों का चला खाटू रेला,
लो आया देखो, फागण का मेला ।
Lo Aaya Dekho Falgun Mela - Read in English
Sare Bhakton Ka Chala Khatu Rela, Lo aya Dekho, Phagan Ka Mela. Ringas Se Leke Toran Dvare..
Bhajan Shri Krishna BhajanBrij BhajanBaal Krishna BhajanBhagwat BhajanJanmashtami BhajanShri Shayam BhajanFalgun Mela BhajanKhatu BhajanKhatu Shayam BhajanSmita Ganuwala Bhajan
अगर आपको यह भजन पसंद है, तो कृपया शेयर, लाइक या कॉमेंट जरूर करें!


* कृपया अपने किसी भी तरह के सुझावों अथवा विचारों को हमारे साथ अवश्य शेयर करें।** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें

नवीनतम भजन ›

हे विनय विनायक विनती करा: भजन

हे विनय विनायक विनती करा, म्हारे आंगन आप पधारो जी, निर्बल रा बल प्रभु आप ही हो, निर्धन रा धन प्रभु आप ही हो, मन मंदिर में सत्कार करा, म्हारे आंगन आप पधारो जी ॥

जय जय गणपति गौरी नंदन: भजन

जय जय गणपति गौरी नंदन, हम आए शरण तिहारी प्रभु, तुम रिद्धि सिद्धि के हो दाता, हम भक्तन पर बलिहारी प्रभु, जय जय गणपति गौंरी नंदन, हम आए शरण तिहारी प्रभु ॥

मेरे घर गणपति जी है आए: भजन

मेरे घर गणपति जी है आए, मेरे घर गणपति जी है आये, मैं अपने दुःख को, मैं अपने दुःख को हूँ बिसराये, वो खुशियां अपने साथ है लाए,
मेरे घर गणपति जी है आए ॥

गणपति गजवदन वीनायक: भजन

गणपति गजवदन वीनायक, थाने प्रथम मनावा जी, आना कानी मत ना करीयो, थारी किरपा चावा जी, गणपति गजवदन विनायक, थाने प्रथम मनावा जी ॥

घुमतड़ा घर आवो, ओ म्हारा प्यारा गजानन: भजन

घुमतड़ा घर आवो, ओ म्हारा प्यारा गजानन, खेलतड़ा घर आवो, ओ म्हारा प्यारा गजानन ॥