श्री पंच-तत्व प्रणाम मंत्र (Panch Tattva Pranam Mantra)


श्री कृष्ण चैतन्य नाम धुन संकीर्तन, इस्कान द्वारा मनन करने वाली प्रसिद्ध धुन।
(जय) श्रीकृष्णचैतन्य प्रभु नित्यानंद ।
श्री अद्वैत गदाधर श्रीवासादि गौर भक्तवृंद ॥
Panch Tattva Pranam Mantra - Read in English
Jaya Sri-Krishna-Chaitanya Prabhu Nityananda, Sri-Advaita Gadadhara Srivasadi-Gaura-Bhakta-Vrinda.
पंच-तत्व प्रणाम मंत्र | Panch-Tattva Pranaam Mantra
Mantra Shri Krishna MantraBhagwat MantraJanmashtami MantraPanch-Tattva MantraGauriya MantraISKCON MantraGaudiya MantraHarinam MantraHarnam Kirtan MantraGuru MantraHoli MantraPhulera Dooj Mantra

अन्य प्रसिद्ध श्री पंच-तत्व प्रणाम मंत्र वीडियो

Panch Tattva Pranam Mantra - Devi Chitralekhaji

Ayachi Thakur

अगर आपको यह मंत्र पसंद है, तो कृपया शेयर, लाइक या कॉमेंट जरूर करें!


* कृपया अपने किसी भी तरह के सुझावों अथवा विचारों को हमारे साथ अवश्य शेयर करें।** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें

मंत्र ›

मधुराष्टकम्: अधरं मधुरं वदनं मधुरं

अधरं मधुरं वदनं मधुरं नयनं मधुरं हसितं मधुरं। हृदयं मधुरं गमनं मधुरं मधुराधिपते रखिलं मधुरं॥

श्री जानकी स्रोत्र - जानकि त्वां नमस्यामि

जानकि त्वां नमस्यामि सर्वपापप्रणाशिनीम् ॥ दारिद्र्यरणसंहर्त्रीं भक्तानाभिष्टदायिनीम् । विदेहराजतनयां राघवानन्दकारिणीम् ॥..

श्रील प्रभुपाद प्रणति

नम ॐ विष्णु-पादाय कृष्ण-प्रेष्ठाय भूतले, श्रीमते भक्तिवेदांत-स्वामिन् इति नामिने ।

सदाशिव अष्टकम्

सुवर्णपद्मिनी-तटान्त-दिव्यहर्म्य-वासिने, सुपर्णवाहन-प्रियाय सूर्यकोटि-तेजसे । अपर्णया विहारिणे फणाधरेन्द्र-धारिणे, सदा नमश्शिवाय ते सदाशिवाय शंभवे ॥

श्री वेंकटेश्वर सुप्रभातम् - M.S.सुब्बुलक्ष्मी

कौसल्या सुप्रजा राम पूर्वासंध्या प्रवर्तते । उत्तिष्ठ नरशार्दूल कर्तव्यं दैवमाह्निकम् ॥ 1 ॥