निद्रा देवी मंत्र (Nidra Devi Mantra)


॥मंत्र:ॐ शुद्धे शुद्धे महायोगिनी महानिद्रे स्वाहा॥
मंत्र का सही उच्चारण और विधि:रात को बिस्तर पर लेटकर अपनी आँखें बंद करें। शांत मन से इस मंत्र का मानसिक या हल्के स्वर में 108 बार या कुछ मिनटों तक जाप करें। यह मंत्र अनिद्रा, बेचैनी और बुरे सपनों को दूर करने में बहुत प्रभावी माना जाता है।
Nidra Devi Mantra - Read in English
Om Shuddhe Shuddhe Mahayogini Mahanidre Swaha
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निद्रा देवी मंत्र

मंत्र:ॐ शुद्धे शुद्धे महायोगिनी महानिद्रे स्वाहा

वक्रतुण्ड महाकाय - गणेश मंत्र

वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ। निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥

श्री महालक्ष्मी अष्टक

नमस्तेस्तू महामाये श्रीपिठे सूरपुजिते । शंख चक्र गदा हस्ते महालक्ष्मी नमोस्तूते ॥

श्री लक्ष्मी सुक्तम् - ॐ हिरण्यवर्णां हरिणींसुवर्णरजतस्रजाम्

हरिः ॐ हिरण्यवर्णां हरिणीं सुवर्णरजतस्रजाम् । चन्द्रां हिरण्मयीं लक्ष्मीं जातवेदो म आवह ॥..

दशश्लोकी

आदि गुरु शंकराचार्य द्वारा रचित दशश्लोकी, न भूमिर्न तोयं न तेजो न वायुः न खं नेन्द्रियं वा न तेषां समूहः । अनैकान्तिकत्वात् सुषुप्त्येकसिद्धः तदेकोऽवशिष्टः शिवः केवलोऽहम् ॥