म्हारी पत राखो गोपाल, एक बस थारो सहारो है: भजन (Mhari Pat Rakho Gopal Ek Bas Tharo Saharo Hai)


म्हारी पत राखो गोपाल,
एक बस थारो सहारो है,
थोड़ी करल्यो थे म्हारी संभाल,
थोड़ी करल्यो थे म्हारी संभाल,
एक बस थारो सहारो है,
म्हारी पत राखों गोपाल,
एक बस थारो सहारो है ॥
म्हाने मिल्या थे थारी दया है,
टाबरिया भोला म्हे थारा,
थे ही सखा हो मायड़ हो थे ही,
थे ही पिता हो म्हारा,
थारे बिन तो रहवा बेहाल,
थारे बिन तो रहवा बेहाल,
एक बस थारो सहारो है,
म्हारी पत राखों गोपाल,
एक बस थारो सहारो है ॥

क्यों ना तू रुझे क्यों ना पसीजे,
बोल कठेसी मैं जावां,
थारे चरण में थारी शरण में,
बाबा मैं आराम पावा,
छोड़ आया मैं जी को जंजाल,
छोड़ आया मैं जी को जंजाल,
एक बस थारो सहारो है,
म्हारी पत राखों गोपाल,
एक बस थारो सहारो है ॥

‘चोखानी’ थारो बालक है बाबा,
गलती की माफ़ी है चावे,
हो जा तू राजी ओ रे मिजाजी,
कुण म्हारी विपदा मिटावे,
म्हापे मुस्का के मत ना तू टाल,
म्हापे मुस्का के मत ना तू टाल,
एक बस थारो सहारो है,
म्हारी पत राखों गोपाल,
एक बस थारो सहारो है ॥

म्हारी पत राखो गोपाल,
एक बस थारो सहारो है,
थोड़ी करल्यो थे म्हारी संभाल,
थोड़ी करल्यो थे म्हारी संभाल,
एक बस थारो सहारो है,
म्हारी पत राखों गोपाल,
एक बस थारो सहारो है ॥
Mhari Pat Rakho Gopal Ek Bas Tharo Saharo Hai - Read in English
Mhari Pat Rakho Gopal, Ek Bas Tharo Sahaaro Hai,Thodi Karlyo the Mhari Sambhal...
Bhajan Shri Krishna BhajanBhrij BhajanBal Krishna BhajanLaddu Gopal BhajanBhagwat BhajanJanmashtami BhajanShri Shyam BhajanIskcon BhajanPhagun Mela BhajanRadhashtami Bhajan
अगर आपको यह भजन पसंद है, तो कृपया शेयर, लाइक या कॉमेंट जरूर करें!


* कृपया अपने किसी भी तरह के सुझावों अथवा विचारों को हमारे साथ अवश्य शेयर करें।** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें

नवीनतम भजन ›

ॐ शंकर शिव भोले उमापति महादेव - भजन

ॐ शंकर शिव भोले उमापति महादेव, पालनहार परमेश्वर, विश्वरूप महादेव, महादेव, महादेव...

शिव स्तुति: आशुतोष शशाँक शेखर

आशुतोष शशाँक शेखर, चन्द्र मौली चिदंबरा, कोटि कोटि प्रणाम शम्भू..

शिव भजन

शिवरात्रि, सावन के सोमवार, सोमवर, सोलह सोमवर, काँवड़, सावन मे शिव, शंकर, भोले, भोलेनाथ, महादेव एवं महाकाल के प्रसिद्ध भजन..

इक दिन वो भोले भंडारी बन करके ब्रज की नारी - भजन

इक दिन वो भोले भंडारी बन करके ब्रज की नारी, ब्रज/वृंदावन में आ गए।

झोली भर लो भक्तो, दौलत बरसे भोले के दरबार - भजन

झोली भर लो भक्तो, दौलत बरसे भोले के दरबार, झोली भर ल्यो जी, दातारि का क्या कहना है, दातारि का क्या कहना, सरकारों की सरकार, झोली भर ल्यो जी, झोली भर लो भक्तों, दौलत बरसे भोले के दरबार, झोली भर ल्यो जी ॥