श्री मल्लिकार्जुन मंगलाशासनम् (Shri Mallikarjuna Mangalashasanam)


उमाकांताय कांताय कामितार्थ प्रदायिने
श्रीगिरीशाय देवाय मल्लिनाथाय मंगलम् ॥
सर्वमंगल रूपाय श्री नगेंद्र निवासिने
गंगाधराय नाथाय श्रीगिरीशाय मंगलम् ॥

सत्यानंद स्वरूपाय नित्यानंद विधायने
स्तुत्याय श्रुतिगम्याय श्रीगिरीशाय मंगलम् ॥

मुक्तिप्रदाय मुख्याय भक्तानुग्रहकारिणे
सुंदरेशाय सौम्याय श्रीगिरीशाय मंगलम् ॥

श्रीशैले शिखरेश्वरं गणपतिं श्री हटकेशं
पुनस्सारंगेश्वर बिंदुतीर्थममलं घंटार्क सिद्धेश्वरम् ।
गंगां श्री भ्रमरांबिकां गिरिसुतामारामवीरेश्वरं
शंखंचक्र वराहतीर्थमनिशं श्रीशैलनाथं भजे ॥

हस्तेकुरंगं गिरिमध्यरंगं शृंगारितांगं गिरिजानुषंगम्
मूर्देंदुगंगं मदनांग भंगं श्रीशैललिंगं शिरसा नमामि ॥
Shri Mallikarjuna Mangalashasanam - Read in English
Umakantay Kantay Kamitarth Pradayine, Shrigirishay Devaya Mallinathaya Mangalam ॥ Sarvmangal Rupay Shri Nagendra Niwasine..
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