Shri Krishna Bhajan
गूगल पर भक्ति भारत को अपना प्रीफ़र्ड सोर्स बनाएँ

श्री तुलसी नामाष्टक स्तोत्रम् (Shri Tulsi Namashtakam Strotam)


श्री तुलसी नामाष्टक स्तोत्रम्
वृंदा, वृन्दावनी, विश्वपुजिता, विश्वपावनी ।
पुष्पसारा, नंदिनी च तुलसी, कृष्णजीवनी ॥
एत नाम अष्टकं चैव स्त्रोत्र नामार्थ संयुतम ।
य:पठेत तां सम्पूज्य सोभवमेघ फलं लभेत ॥

वृन्दायै नमः ।
वृन्दावन्यै नमः ।
विश्वपूजितायै नमः ।
विश्वपावन्यै नमः ।
पुष्पसारायै नमः ।
नन्दिन्यै नमः ।
तुलस्यै नमः ।
कृष्णजीवन्यै नमः ॥8

Shri Tulsi Namashtakam Strotam in English

Vrinda, Vrindavani, Vishwapujita, Vishwapavani । Pushpasara, Nandini Cha Tulsi, Krishnajivani ...
यह भी जानें
मंत्र का मूल रूप

॥ श्रीतुलसीनामाष्टकस्तोत्रम् अष्टनामावलिश्च ॥

वृन्दा वृन्दावनी विश्वपूजिता विश्वपावनी ।
पुष्पसारा नन्दिनी च तुलसी कृष्णजीवनी ॥
एतन्नामाष्टकं स्तोत्रं पठन्मङ्गलमाप्नुयात् ।

Mantra Namavali MantraMaa Tulsi MantraTulsi MantraEkadashi MantraTulasi Puja Divas MantraTulasi Puja MantraTulasi Ekadashi MantraNamashtakam Strotam MantraTulsi Vivah Mantra8 Tulsi Name Mantra

अगर आपको यह मंत्र पसंद है, तो कृपया शेयर, लाइक या कॉमेंट जरूर करें!

Whatsapp Channelभक्ति-भारत वॉट्स्ऐप चैनल फॉलो करें »
इस मंत्र को भविष्य के लिए सुरक्षित / बुकमार्क करें Add To Favorites
* कृपया अपने किसी भी तरह के सुझावों अथवा विचारों को हमारे साथ अवश्य शेयर करें।

** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें

मंत्र ›

श्री लक्ष्मी सुक्तम् - ॐ हिरण्यवर्णां हरिणींसुवर्णरजतस्रजाम्

हरिः ॐ हिरण्यवर्णां हरिणीं सुवर्णरजतस्रजाम् । चन्द्रां हिरण्मयीं लक्ष्मीं जातवेदो म आवह ॥..

श्री तुलसी नामाष्टक स्तोत्रम्

वृंदा, वृन्दावनी, विश्वपुजिता, विश्वपावनी । पुष्पसारा, नंदिनी च तुलसी, कृष्णजीवनी..

श्री दुर्गा मन्त्र

ॐ दुं दुर्गायै नमः।

बुद्धं शरणं गच्छामि

बुद्धं शरणं गच्छामि। धर्मं शरणं गच्छामि। संघं शरणं गच्छामि।

सीता कल्याण वैभोगमे

सीता कल्याण वैभोगमे, राम कल्याण वैभोगमे, पवनज स्तुति पात्र पावन चरित्र, रवि सोम वर नेत्र रमणीय गात्र..

माता सीता अष्टोत्तर-शतनाम-नामावली

ॐ सीतायै नमः। ॐ जानक्यै नमः। ॐ देव्यै नमः। ॐ वैदेह्यै नमः। ॐ राघवप्रियायै नमः। ॐ रमायै नमः...

श्री महालक्ष्मी अष्टक

नमस्तेस्तू महामाये श्रीपिठे सूरपुजिते । शंख चक्र गदा हस्ते महालक्ष्मी नमोस्तूते ॥

Sawan 2026 - Sawan 2026
Sawan 2026 - Sawan 2026
Bhakti Bharat APP