सेवा भाव ना भूलें, क्षमाशील बनें - प्रेरक कहानी
एक राजा था, उसने 10 खूंखार जंगली कुत्ते पाल रखे थे। जिनका इस्तेमाल वह लोगों को उनके द्वारा की गयी गलतियों पर मौत की सजा देने के लिए करता था...
Prerak Kahani
सच्चा साधु कौन है - प्रेरक कहानी
एक साधु को एक नाविक रोज इस पार से उस पार ले जाता था, बदले मैं कुछ नहीं लेता था, वैसे भी साधु के पास पैसा कहां होता था। नाविक सरल था, पढा लिखा तो नहीं, पर समझ की कमी नहीं थी।
Prerak Kahani
प्रत्येक वस्तु पर हमारा ही अधिकार हो? - प्रेरक कहानी
एक राजा ने यह घोषणा करवा दिया कि कल सुबह जब मेरे महल का मुख्य दरवाज़ा खोला जायेगा तब जिस शख़्स ने भी महल में जिस वस्तु या जीव को हाथ लगा दिया वह वस्तु या जीव उसकी हो जाएगी।
Prerak Kahani
ह्रदय से जो जाओगे सबल समझूंगा तोहे: सूरदास जी की सत्य कथा
हाथ छुड़ाए जात हो, निवल जान के मोये । मन से जब तुम जाओगे, तब प्रवल माने हौ तोये । - सूरदास जी
Prerak Kahani
वृंदावन के वृक्ष को मर्म न जाने कोय - प्रेरक कहानी
क्येांकि संत को वो वृदांवन दिखता है जो साक्षात गौलोंक धाम का खंड है। हमें साधारण वृदांवन दिखता है।...
Prerak Kahani
बुरी आदतें बाद मे और बड़ी हो जाती हैं - प्रेरक कहानी
उन्ही दिनों एक महात्मा गाँव में पधारे हुए थे, जब आदमी को उनकी ख्याति के बारे में पता चला तो वह तुरंत उनके पास पहुँचा और अपनी समस्या बताने लगा।...
Prerak Kahani
पाप का गुरु कौन? - प्रेरक कहानी
पंडित जी कई वर्षों तक काशी में शास्त्रों का अध्ययन करने के बाद अपने गांव लौटे। गांव के एक किसान ने उनसे पूछा, आप हमें यह बताइए कि पाप का गुरु कौन है?...
Prerak Kahani
ईश्वर के न्याय का भिन्न दृष्टिकोण - प्रेरक कहानी
एक बार दो आदमी एक मंदिर के पास बैठे गपशप कर रहे थे। वहां अंधेरा छा रहा था और बादल मंडरा रहे थे। 8 (3+5) रोटी तीन आदमियों में कैसे बांट पाएंगे?...
Prerak Kahani
अपनी गठरी टटोलें - प्रेरक कहानी
पहला यात्री बोला: महोदय मैं एक नामी ठग हूँ परन्तु आप तो महाठग हैं। आप मेरे भी गुरू निकले। दूसरे यात्री बोला: कैसे?
Prerak Kahani
एक दिन का पुण्य ही क्यूँ? - प्रेरक कहानी
तुम्हारे बाप के नौकर बैठे हैं क्या हम यहां, पहले पैसे, अब पानी, थोड़ी देर में रोटी मांगेगा, चल भाग यहाँ से।
Prerak Kahani
बुढ़िया माई को मुक्ति दी - तुलसी माता की कहानी
कार्तिक महीने में एक बुढ़िया माई तुलसीजी को सींचती और कहती कि: हे तुलसी माता! सत की दाता मैं तेरा बिडला सीचती हूँ..
Prerak Kahani
श्री राधा नाम की कीमत - प्रेरक कहानी
एक बार एक व्यक्ति था। वह एक संत जी के पास गया। और कहता है कि संत जी, मेरा एक बेटा है। वो न तो पूजा पाठ करता है और न ही भगवान का नाम लेता है।
Prerak Kahani
बुरी परिस्थिति में भी अपनी उम्मीद ना छोड़े - प्रेरक कहानी
एक बार एक व्यक्ति रेगिस्तान में कहीं भटक गया। उसके पास खाने-पीने की जो थोड़ी बहुत चीजें थीं, वो जल्द ही ख़त्म हो गयीं थीं। पिछले दो दिनों से वह पानी की एक-एक बूंद के लिए तरस रहा था।
Prerak Kahani
कर्म कैसे फल देता है? - प्रेरक कहानी
ज्योतिष कहता है कि मनुष्य अपने ही कर्मो का फल पाता है। कर्म कैसे फल देता है? यह इस प्रसंग से समझे..
Prerak Kahani
परहित ही सबसे बड़ा धर्म है - प्रेरक कहानी
एक बार भगवान श्रीकृष्ण और अर्जुन भ्रमण के लिए कहीं निकले थे तो उन्होंने मार्ग में एक निर्धन ब्राह्मण को भिक्षा मांगते देखा तो अर्जुन को उस पर दया आ गयी
Prerak Kahani
प्रेरक कहानियाँ - Prerak Kahaniya are stories, quotes or katha full of spiritual, inspirational and moral values in its content. These Prerak Kahaniya are real time stories connecting with other live instance and inspires these live activities. Bhakti Bharat tells you 181+ prerak kahaniyan.