नवरात्रि विशेष 2026 - Navratri Specials 2026
गूगल पर भक्ति भारत को अपना प्रीफ़र्ड सोर्स बनाएँ

भगवान सूर्य की द्वादश नामावली (Bhagwan Surya Ke Dwadash Namavali)


मित्र - ॐ मित्राय नमः।
रवि - ॐ रवये नमः।
सूर्य - ॐ सूर्याय नमः।
भानु - ॐ भानवे नमः।
खग - ॐ खगाय नमः।
पूषन् - ॐ पूष्णे नमः।
हिरण्यगर्भ - ॐ हिरण्यगर्भाय नमः।
मरीच - ॐ मरीचये नमः।
आदित्य - ॐ आदित्याय नमः।
सवित्र - ॐ सवित्रे नमः।
अर्क - ॐ अर्काय नमः।
भास्कर - ॐ भास्कराय नमः।

Bhagwan Surya Ke Dwadash Namavali in English

Mitra - Om Mitraya Namah। Ravi - Om Ravaye Namah। Suryaya - Om Suryaya Namah।
यह भी जानें

Mantra Surya Dev MantraRavi Dev MantraSun MantraChhat MantraChhat Puja MantraRamayan MantraValmiki Ramayan MantraYuddha Kand MantraSurya Upasana MantraSunday MantraRavivar MantraDiwakar MantraAditya Mantra

अन्य प्रसिद्ध भगवान सूर्य की द्वादश नामावली वीडियो

आदित्य हृदय स्तोत्र गायन श्री राजेन्द्र दास जी

आदित्य-हृदय स्तोत्र - Mayur Bakshi

अगर आपको यह मंत्र पसंद है, तो कृपया शेयर, लाइक या कॉमेंट जरूर करें!

Whatsapp Channelभक्ति-भारत वॉट्स्ऐप चैनल फॉलो करें »
इस मंत्र को भविष्य के लिए सुरक्षित / बुकमार्क करें Add To Favorites
* कृपया अपने किसी भी तरह के सुझावों अथवा विचारों को हमारे साथ अवश्य शेयर करें।

** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें

मंत्र ›

महिषासुरमर्दिनि स्तोत्रम् - अयि गिरिनन्दिनि

अयि गिरिनन्दिनि नन्दितमेदिनि विश्वविनोदिनि नन्दिनुते, गिरिवरविन्ध्यशिरोऽधिनिवासिनि विष्णुविलासिनि जिष्णुनुते । महिषासुरमर्दिनि स्तोत्रम् नवरात्रि के दौरान माता रानी का सबसे ज्यादा सुना और पढ़ा जाने वाला संस्कृत श्लोक है

माँ दुर्गा देव्यापराध क्षमा प्रार्थना स्तोत्रं

माँ दुर्गा की पूजा समाप्ति पर करें ये स्तुति, तथा पूजा में हुई त्रुटि के अपराध से मुक्ति पाएँ। आपत्सु मग्न: स्मरणं त्वदीयं..

संकट मोचन हनुमानाष्टक

बाल समय रवि भक्षी लियो तब।.. लाल देह लाली लसे, अरु धरि लाल लंगूर।...

हनुमान द्वादश नाम स्तोत्रम - मंत्र

हनुमान जी के 12 नाम | हनुमान द्वादश नाम | हनुमानद्वादशनाम स्तोत्र | Hanumaan 12 naam |

दुर्गा पूजा पुष्पांजली

प्रथम पुष्पांजली मंत्र ॐ जयन्ती, मङ्गला, काली, भद्रकाली, कपालिनी।

श्री हनुमान स्तवन - श्रीहनुमन्नमस्कारः

प्रनवउँ पवनकुमार खल बन पावक ज्ञानघन ।.. गोष्पदी कृत वारीशं मशकी कृत राक्षसम् ।..

Om Jai Jagdish Hare Aarti - Om Jai Jagdish Hare Aarti
Ram Bhajan - Ram Bhajan
Bhakti Bharat APP