नवरात्रि विशेष 2026 - Navratri Specials 2026
गूगल पर भक्ति भारत को अपना प्रीफ़र्ड सोर्स बनाएँ

माँ दुर्गा के 32 नाम (Shri Durga 32 Name)


माँ दुर्गा के 32 नाम
देवी दुर्गा की द्वात्रिंश नामावली
दुर्गा
दुर्गातिशमनी
दुर्गापद्धिनिवारिणी
दुर्गमच्छेदनी
दुर्गसाधिनी
दुर्गनाशिनी
दुर्गतोद्धारिणी
दुर्गनिहन्त्री
दुर्गमापहा
दुर्गमज्ञानदा
दुर्गदैत्यलोकदवानला
दुर्गमा
दुर्गमालोका
दुर्गमात्मस्वरूपिणी
दुर्गमार्गप्रदा
दुर्गमविद्या
दुर्गमाश्रिता
दुर्गमज्ञानसंस्थाना
दुर्गमध्यानभासिनी
दुर्गमोहा
दुर्गमगा
दुर्गमार्थस्वरूपिणी
दुर्गमासुरसंहन्त्रि
दुर्गमायुधधारिणी
दुर्गमांगी
दुर्गमता
दुर्गम्या
दुर्गमेश्वरी
दुर्गभीमा
दुर्गभामा
दुर्गभा
दुर्गदारिणी

॥ इति श्रीदुर्गाद्वात्रिंशनामावलिः सम्पूर्णा ॥

Shri Durga 32 Name in English

Durga, Durgartishamani, Durgapaddhinivarini, Durgamachchhedani, Durgasadhini, Durganashini, Durgatoddharini, Durganihantri
यह भी जानें

Mantra Shri Durga 32 Naam MantraNamavali MantraDurga Namavali MantraMaa Durga MantraMata MantraNavratri Mantra

अगर आपको यह मंत्र पसंद है, तो कृपया शेयर, लाइक या कॉमेंट जरूर करें!

Whatsapp Channelभक्ति-भारत वॉट्स्ऐप चैनल फॉलो करें »
इस मंत्र को भविष्य के लिए सुरक्षित / बुकमार्क करें Add To Favorites
* कृपया अपने किसी भी तरह के सुझावों अथवा विचारों को हमारे साथ अवश्य शेयर करें।

** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें

मंत्र ›

महिषासुरमर्दिनि स्तोत्रम् - अयि गिरिनन्दिनि

अयि गिरिनन्दिनि नन्दितमेदिनि विश्वविनोदिनि नन्दिनुते, गिरिवरविन्ध्यशिरोऽधिनिवासिनि विष्णुविलासिनि जिष्णुनुते । महिषासुरमर्दिनि स्तोत्रम् नवरात्रि के दौरान माता रानी का सबसे ज्यादा सुना और पढ़ा जाने वाला संस्कृत श्लोक है

माँ दुर्गा देव्यापराध क्षमा प्रार्थना स्तोत्रं

माँ दुर्गा की पूजा समाप्ति पर करें ये स्तुति, तथा पूजा में हुई त्रुटि के अपराध से मुक्ति पाएँ। आपत्सु मग्न: स्मरणं त्वदीयं..

दुर्गा पूजा पुष्पांजली

प्रथम पुष्पांजली मंत्र ॐ जयन्ती, मङ्गला, काली, भद्रकाली, कपालिनी।

आदित्य-हृदय स्तोत्र

ततो युद्धपरिश्रान्तं समरे चिन्तया स्थितम् । रावणं चाग्रतो दृष्टवा युद्धाय समुपस्थितम् ॥ दैवतैश्च समागम्य द्रष्टुमभ्यागतो रणम् ।

श्री हनुमान स्तवन - श्रीहनुमन्नमस्कारः

प्रनवउँ पवनकुमार खल बन पावक ज्ञानघन ।.. गोष्पदी कृत वारीशं मशकी कृत राक्षसम् ।..

सर्व मंगल मांगल्ये - मंत्र

यह दिव्य मंत्र ‘दुर्गा सप्तशती’ से लिया गया है। सर्व मंगल मांगल्ये शिवे सर्वार्थ साधिके । शरण्ये त्र्यम्बके गौरी नारायणी नमोस्तुते

संकट मोचन हनुमानाष्टक

बाल समय रवि भक्षी लियो तब।.. लाल देह लाली लसे, अरु धरि लाल लंगूर।...

Aditya Hridaya Stotra - Aditya Hridaya Stotra
Ram Bhajan - Ram Bhajan
Bhakti Bharat APP