पितृ पक्ष - Pitru Paksha
गूगल पर भक्ति भारत को अपना प्रीफ़र्ड सोर्स बनाएँ

प्यारे करुँगी कपोलन लाल - भजन (Pyare Karongi Kapol Lal)


प्यारे करुँगी कपोलन लाल - भजन
प्यारे करुँगी कपोलन लाल, लाल मेरी अंगिया न छुवौ
प्यारे करुँगी कपोलन लाल, लाल मेरी अंगिया न छुवौ ॥1॥
यह अंगिया नहीं धनुष जनक को, छुवत टूट्यो तत्काल ।
नहीं अंगिया गौतम की नारी, छूवत उठी नंदलाल ॥2॥

कहा विलोकत भृकुटी कुटिल कर, नहीं ये पूतना ख्याल ।
यह अंगिया काली मत समझो, जाय नाथ्यो पाताल ॥3॥

गिरिवर ऊठाय भयौ गिरिधारी, नहीं जान्यो ब्रजबाल ।
जावौजी खेलौ सखन संग मिली, गौरव के प्रतिपाल ॥4॥

इतनी सुन मुसिकाय सांवरो, लीनौ अबीर गुलाल ।
सूरदास प्रभु निरखि छिरकि अंग,सखियन कियौ निहाल ॥5॥

Pyare Karongi Kapol Lal in English

Pyare Karungi Kapolan Lal, Lal Meri Angiya Na Chhuvau, Pyare Karungi Kapolan Lal, Lal Meri Angiya Na Chhuvau ॥1॥
यह भी जानें

Bhajan Shri Krishna BhajanBrij BhajanBaal Krishna BhajanBhagwat BhajanJanmashtami BhajanShri Shayam BhajanHoli BhajanPhagun BhajanPushti Marg BhajanSurdas BhajanShrinath Ji BhajanNathdwara Bhajan

अगर आपको यह भजन पसंद है, तो कृपया शेयर, लाइक या कॉमेंट जरूर करें!

Whatsapp Channelभक्ति-भारत वॉट्स्ऐप चैनल फॉलो करें »
इस भजन को भविष्य के लिए सुरक्षित / बुकमार्क करें Add To Favorites
* कृपया अपने किसी भी तरह के सुझावों अथवा विचारों को हमारे साथ अवश्य शेयर करें।

** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें।

नवीनतम भजन ›

जय जयकार करो माता की - माता भजन

जय जयकार माता की, आओ शरण भवानी की, एक बार फिर प्रेम से बोलो, जय दुर्गा महारानी की

अरे रे मेरी जान है राधा - भजन

अरे रे मेरी जान है राधा, तेरे पे क़ुर्बान मैं राधा, रह न सकूंगा तुमसे दूर मैं ॥...

मेरे मालिक के दरबार में सब का खाता - भजन

मेरे मालिक के दरबार में, सब का खाता, जो कोई जैसी करनी करता, वैसा ही फल पाता, क्या साधू क्या संत गृहस्थी..

दुर्गे महाँ रानी नमो नमो - भजन

दुर्गे, महाँ रानी, नमो नमो । अम्बे, महाँ रानी, नमो नमो । दुर्गे, महाँ रानी, नमो नमो ॥ मेरी, मात भवानी, नमो नमो ।

जय अम्बे बोल - भजन

फिल्म यह प्रेम मोल लिया का भजन अम्बे बोल के लिरिक्स, तारों की चुनरी और चंद्रमा का टीका.. माता का रूप लगे सूरज सरीखा..

बजरंग बाण

निश्चय प्रेम प्रतीति ते, बिनय करैं सनमान। तेहि के कारज सकल शुभ, सिद्ध करैं हनुमान॥

हे दुःख भन्जन, मारुती नंदन - भजन

हे दुःख भन्जन, मारुती नंदन, सुन लो मेरी पुकार । पवनसुत विनती बारम्बार...

Navratri Specials 2026 - Navratri Specials 2026
Ganesh Aarti Bhajan - Ganesh Aarti Bhajan
Bhakti Bharat APP